Verse
गलियों में गर्मी की खुशबू घुली है
आम की डाली पे दोपहर झुकी है
नंगे पाँव धूप में दौड़ें हम यार
छत पे बजे ढोलक की धुन सारी रात
Pre-Chorus
ये पल फिसलें ना
मुट्ठी में बंद कर लूँ
सोलह की गर्मी में
हर सांस जश्न हो नई
Chorus
चांदनी रातां च नाचें हम आज
हवाओं में उड़ती है जवानी की आवाज़
तारों तले बजे ये दिलों का साज़
चांदनी रातां च रौशन हर अंदाज़
Verse
बाज़ार की सड़कों पे रंगोली सजी
कुल्फी की मीठास लबों पे मची
मोबाइल की लाइट में सेल्फी हज़ार
दोस्तों की हंसी से गूंजे ये बाज़ार
Pre-Chorus
ये पल फिसलें ना
मुट्ठी में बंद कर लूँ
सोलह की गर्मी में
हर सांस जश्न हो नई
Chorus
चांदनी रातां च नाचें हम आज
हवाओं में उड़ती है जवानी की आवाज़
तारों तले बजे ये दिलों का साज़
चांदनी रातां च रौशन हर अंदाज़
Bridge
बड़े होंगे कल हम, बदलेंगे शहर
पर ये रातें रहेंगी दिल के अंदर
आज की ये आग़ बुझने ना देना
गर्मी की यादों को सजा के रखना
Chorus
चांदनी रातां च नाचें हम आज
हवाओं में उड़ती है जवानी की आवाज़
तारों तले बजे ये दिलों का साज़
चांदनी रातां च रौशन हर अंदाज़